सोशल मीडिया पर एक डस्टबिन की तस्वीर वायरल है. डस्टबिन पर ‘पाकिस्तान मुर्दाबाद’ लिखा है. साथ में, उसपर फ़र्नीचर बनाने वाली कंपनी नीलकमल का लोगो और नाम लिखा है. और इसके ठीक नीचे ‘पाकिस्तान मुर्दाबाद’ लिखा है. यूज़र्स ये तस्वीर शेयर करते हुए दावा कर रहे हैं कि इसे नीलकमल कंपनी ने बनाया है. ट्विटर यूज़र शिप्रा दत्ता ने ये तस्वीर ट्वीट करते हुए लिखा, “नीलकमल प्लास्टिक वाले ने तो दिल खुश कर दिया”. आर्टिकल लिखे जाने तक इस ट्वीट को 507 बार रीट्वीट किया जा चुका है. (ट्वीट का आर्काइव लिंक)

अभिनेत्री कंगना रनौत के फ़ैन पेज ने भी ये तस्वीर इसी मेसेज के साथ ट्वीट की.

कई ट्विटर यूज़र्स ने ये तस्वीर इसी मेसेज के साथ ट्वीट की जिसमें गुंजेश गौतम झा, @humlogindia, पी एन राय, जीतेंद्र भारद्वाज शामिल हैं.

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फ़ेसबुक पर ये तस्वीर वायरल है.

फ़ैक्ट-चेक

की-वर्ड्स सर्च करने पर ऑल्ट न्यूज़ को ये तस्वीर 22 फ़रवरी 2019 के पत्रिका के आर्टिकल में मिली. आर्टिकल के मुताबिक, पुलवामा आतंकी हमले के बाद उदयपुर के सिटी रेलवे स्टेशन पर किसी ने 10 से 12 डस्टबिन पर ‘पाकिस्तान मुर्दाबाद’ का स्टिकर लगाया था. इस मामले की जानकारी मिलते ही अधिकारियों ने ये स्टिकर्स हटवा दिए थे.

लोकल मीडिया आउटलेट उदयपुर टाइम्स ने भी इस बारे में खबर दी थी.

आगे, इस वायरल दावे से संबंधित जानकारी जुटाने के लिए ऑल्ट न्यूज़ ने नीलकमल ग्रुप से संपर्क किया. कंपनी की ओर से बताया गया कि वो इस तरह के मेसेज वाले डस्टबिन नहीं बनाते हैं और न ही उनपर ऐसे स्टिकर लगाते है. हमें बताया गया कि नीलकमल पूरे देश भर में डस्टबिन सप्लाइ करता है. और इनपर सिर्फ़ कंपनी का लोगो, नाम और संपर्क की जानकारी छपी होती है. कंपनी ने बताया कि उन्हें डस्टबिन पर ऐसे स्टिकर किसने लगाए थे, इस बात की कोई जानकारी नहीं है.

कुल मिलाकर, 2019 में शरारती तत्वों द्वारा डस्टबिन पर ‘पाकिस्तान मुर्दाबाद’ के स्टिकर लगाने की तस्वीर हाल में झूठे दावे के साथ शेयर की गई कि कंपनी ने ऐसे स्टिकर वाले डस्टबिन बनाए हैं.


मीडिया ने पंजशीर घाटी में तालिबानी आतंकियों के मारे जाने के दावे के साथ पुराना वीडियो चलाया, देखिये :

ग़लत
दावा:
नीलकमल ने पाकिस्तान मुर्दाबाद स्टिकर वाले डस्टबिन बनाए

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