8 जुलाई 2020 को गुजरात के सूरत शहर में सुनीता यादव, LR रैंक्ड (लोक रक्षक) महिला पुलिसकर्मी सुनीता यादव ने गुजरात के स्वास्थ्य मंत्री कुमार कनानी के बेटे को कर्फ़्यू तोड़ने पर फटकार लगाई थी. 11 जुलाई से इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने लगा और साथ ही में सुनीता यादव की काफ़ी तारीफ़ होने लगी. इसी बीच एक ट्विटर हैन्डल @yadavsunita143 ने सुनीता यादव के समर्थन में 12 जुलाई 2020 के बाद कई ट्वीट्स किये. इस हैन्डल ने 12 जुलाई 2020 को शाम 4 बजे ट्वीट करते हुए लिखा, “मैने एक मंत्री के बेटे से माँफी माँगने के बजाय नौकरी से इस्तीफा देना उचित समझा। आप सभी के समर्थन के लिए शुक्रिया।” आर्टिकल लिखे जाने तक इस ट्वीट 62 हज़ार से ज़्यादा बार लाइक और 16 हज़ार से ज़्यादा बार रीट्वीट किया जा चुका है.

yadav

इस ट्विटर अकाउंट के फ़ॉलोवर्स की संख्या दिन दुगनी और रात चौगुनी होती गई. फ़िलहाल इस ट्विटर हैन्डल के करीब 20 हज़ार फ़ॉलोवर्स है. उपरोक्त ट्वीट पर हज़ारों यूज़र्स ने रिप्लाई करते हुए सुनीता यादव को उनके काम के लिए बधाई दी है. कई लोगों ने समर्थन करते हुए लिखा कि वो सुनीता के साथ हैं. कुछ यूज़र्स ने कमेन्ट में सुनीता को ‘लेडी सिंघम’ भी कहा. कमेन्ट सेक्शन को पढ़ते हुए साफ़ मालूम पड़ता है कि लोग इस ट्विटर हैन्डल को सुनीता यादव का ही मान रहे हैं.

comments

फ़ैक्ट-चेक

ट्विटर हैन्डल ‘@yadavsunita143’ का अकाउंट नेम पहले ‘सुनीता यादव’ था और बायो में ‘कॉन्स्टेबल गुजरात पुलिस’ लिखा हुआ था. बाद में इस हैन्डल ने अपना नाम बदलते हुए ‘सुनीता यादव (पैरोडी)’ कर दिया और बायो में लिखा कि ये अकाउंट गुजरात पुलिस की सुनीता यादव का पैरोडी अकाउंट है.

इसके अलावा हमें पता चला कि इस ट्विटर अकाउंट ने कई बार अपने हैन्डल को चेंज किया है. 24 जून 2020 तक इस अकाउंट का हैन्डल नेम ‘@RealKomalMeena’ था जिसे 25 जून 2020 के बाद बदल कर ‘@RealKomalMahar’ किया गया था.

This slideshow requires JavaScript.

अब इससे आगे 7 जुलाई 2020 को इस हैन्डल ने आभा चौधरी नाम के ट्वीट पर रिप्लाई किया था. रिप्लाई में आपको सुनीता यादव (पैरोडी) अकाउंट के ट्विटर हैन्डल का नाम ‘@Yadavteju111’ साफ़-साफ़ दिखाई देगा.

गौर करने वाली बात है कि हैन्डल ‘@yadavsunita143’ हमेशा ही राजनेता, अभिनेता या किसी बड़े हैन्डल के ट्वीट्स पर कमेन्ट करते हुए फ़ॉलो बैक की रिक्वेस्ट करता रहता है.

This slideshow requires JavaScript.

इस तरह हमने देखा कि @yadavsunita143 ने अपने हैन्डल नेम को पहले कई बार बदला है. फ़िलहाल इस हैन्डल ने खुद को सुनीता यादव का पैरोडी अकाउंट बता दिया है लेकिन पहले इसने अपने बायो में खुद को गुजरात पुलिस अफ़सर सुनीता यादव ही बताया था.

ट्विटर हैन्डल @yadavsunita143 कौन चलाता है?

ट्विटर हैन्डल @yadavsunita143 ने 14 अक्टूबर 2019 को एक ट्वीट किया था. ट्वीट में बताया गया कि ट्विटर ने उसके अकाउंट को बंद कर दिया है. इस ट्वीट में हैन्डल ने अपने ट्विटर अकाउंट की एक तस्वीर भी ट्वीट की थी. जिसमें साफ़ देखा जा सकता है कि @alokyadav521 ही अब @yadavsunita143 है.

इसके ट्विटर बायो में एक और हैन्डल ‘@alokyadav58’ को फॉलो करने की बात कही गई थी. और ये तीनो ही हैंडल आलोक यादव नाम का व्यक्ति चलाता है. जो नीचे ट्वीट के स्क्रीनशॉट से स्पष्ट हो जाता है. (ट्वीट का आर्काइव वर्ज़न)

ट्विटर हैंडल @alokyadav521′ और @alokyadav58 एक ही व्यक्ति चलाता है, ये नीचे दिख रहे ट्वीट्स के स्क्रीनशॉट से और स्पष्ट हो जाता है.

This slideshow requires JavaScript.

इसके अलावा, ट्विटर हैन्डल ‘@yadavsunita143’ और ‘@alokyadav58’ एक दूसरे के ट्वीट्स को काफ़ी रीट्वीट करते हैं. आलोक यादव नाम के इस ट्विटर अकाउंट ने 13 जुलाई 2020 को हैन्डल ‘@yadavsunita143’ को फॉलो करने के लिए ट्वीट किया था. इस ट्वीट को अब डिलीट कर दिया गया है.

हमने गौर किया कि इस हैंडल से ज़्यादातर समाजवादी पार्टी के नेता और यादव नेताओं के ट्वीट्स पर जाकर एक ही बात लिखी गयी है – “मैने इस्तीफा दे दिया परंतु एक मंत्री के बेटे से माँफी नहीं माँगी, कृपया मुझे सपोर्ट करे.”

sunita

इसके अलावा, ट्विटर हैन्डल @yadavsunita143 और @alokyadav58 की टाइमलाइन देखने से पता चलता है कि ये दोनों अकाउंट हमेशा से ही समाजवादी पार्टी के समर्थन में ट्वीट करते रहते हैं.

सुनीता यादव के नाम से और भी कई हैन्डल जैसे @sunita_yadav123, @Sunitayadav1143 और @GPsunitayadav बनाए गए हैं, ये सभी फ़र्ज़ी अकाउंट है. सुनीता यादव ने खुद फ़ेसबुक पर एक पोस्ट करते हुए ये स्पष्ट किया है.

Sunit yadav नाम से जो एकाउंट ट्विटर पे चल रहा है। वो मेरा नही है। जो ट्वीट मेरे नामसे हो रहे है उसकी जिम्मेदारी मेरी नही है। अगर मेरे कोई एकाउंट होगा तो में जानकारी दूँगी।

– सुनिता यादव

Posted by Sunita Yadav on Monday, 13 July 2020

इस तरह हमने देखा कि जबसे गुजरात के सूरत शहर में महिला पुलिसकर्मी सुनीता यादव ख़बरों में आयीं, इस हैन्डल ने अपना नाम बदल कर ये दिखाने की कोशिश की कि सुनीत यादव ट्विटर पर हैं और ख़ुद ट्वीट कर रही हैं. इस अकाउंट पर यकीन करते हुए कई लोगों ने इसे फ़ॉलो करना भी शुरू कर दिया था. जब इस अकाउंट की असलियत लोगों को पता चलने लगी तो इसने अपने हैन्डल को सुनीता यादव का पैरोडी अकाउंट बता दिया. मगर इतने दिनों में इसने हज़ारों फ़ॉलोवर्स कमा लिए.

डोनेट करें!
सत्ता को आईना दिखाने वाली पत्रकारिता का कॉरपोरेट और राजनीति, दोनों के नियंत्रण से मुक्त होना बुनियादी ज़रूरत है. और ये तभी संभव है जब जनता ऐसी पत्रकारिता का हर मोड़ पर साथ दे. फ़ेक न्यूज़ और ग़लत जानकारियों के खिलाफ़ इस लड़ाई में हमारी मदद करें. नीचे दिए गए बटन पर क्लिक कर ऑल्ट न्यूज़ को डोनेट करें.

Donate Now

बैंक ट्रांसफ़र / चेक / DD के माध्यम से डोनेट करने सम्बंधित जानकारी के लिए यहां क्लिक करें.