सोशल मीडिया पर ग्लोब की एक तस्वीर वायरल हो रही है. इसमें चीन की भाषा में 9 शहरों के नाम दिख रहे हैं. वायरल तस्वीर के साथ यूज़र्स दावा कर रहे हैं, “अजीब और भयानक संयोग है कि कोरोना वायरस (Covid 19) से सबसे बुरी तरह प्रभावित मामले बाएं से 40 डिग्री अक्षांश पर है: फ्रांस, इटली, ईरान, वुहान, साउथ कोरिया, जापान, सिएटल, वॉशिंगटन, न्यूयॉर्क हैं… क्या ये हास्यास्पद और दिमाग चकराने वाला नहीं है?”

12 मार्च को, बायोकॉन की चेयरपर्सन और मैनेजिंग डायरेक्टर, किरण मज़ूमदार शॉ ने वायरल तस्वीर को ट्वीट किया. उन्होंने अपने ट्वीट में ये भी लिखा कि कोरोना वायरस से अभी तक “दक्षिणी गोलार्ध अप्रभावित दिख रहा है”. (ट्वीट का आर्काइव लिंक)

कई यूज़र्स ने इसे ट्विटर और फ़ेसबुक पर भी शेयर किया. ऑल्ट न्यूज़ को वायरल तस्वीरों की सत्यता जांचने के लिए ऑफ़िशियल व्हॉट्सऐप (+91 76000 11160) और ऑफ़िशियल एंड्रॉइड ऐप पर कई रिक्वेस्ट्स मिलीं.

फ़ैक्ट-चेक

वायरल दावे में चार शहरों – वुहान, सिएटल, वॉशिंगटन, न्यूयॉर्क और पांच देशों – फ्रांस, इटली, ईरान, साउथ कोरिया और जापान के नाम हैं. जबकि दावे में कहा गया है “कोरोना वायरस (Covid 19) से सबसे अधिक प्रभावित मामले 40 डिग्री अक्षांश पर हैं.”

ये ध्यान में रखना ज़रूरी है कि यूएस जियोलॉजिकल सर्वे के मुताबिक़, 38 डिग्री उत्तरी अक्षांश से एक डिग्री अक्षांश लगभग 69 मील (111 किलोमीटर) के बराबर होता है. इसलिए बड़े देशों को सिंगल अक्षांश से प्रदर्शित नहीं किया जा सकता है.

ऊपर वाली लिस्ट के देशों के सबसे अधिक प्रभावित शहर

ऑल्ट न्यूज़ ने संबंधित सरकारी वेबसाइट्स की मदद से, वायरल मैसेज में लिखे देशों के सबसे बुरी तरह प्रभावित हुए शहरों की पहचान की.

13 मार्च तक, नेशनल पब्लिक हेल्थ एजेंसी, Santé publique France के डेटा के मुताबिक़, पूर्वोत्तर फ्रांस के प्रशासनिक क्षेत्र, ग्रांड इस्ट में कोरोना वायरस संक्रमण के सबसे ज़्यादा मामले मिले हैं.

इसी तरह, बरगामो, लोम्बार्डी क्षेत्र का एक शहर है. इटली के स्वास्थ्य मंत्रालय, Ministero della salute, के अनुसार, बरगामो सबसे अधिक प्रभावित शहर है.

इसी तारीख़ को, इस्लामिक रिपब्लिक ऑफ़ ईरान की आधिकारिक समाचार एजेंसी, ‘इस्लामिक रिपब्लिक न्यूज़ एजेंसी (IRNA)’ द्वारा प्रकाशित इंफ़ोग्राफिक से पता चलता है कि देश की राजधानी तेहरान सबसे अधिक प्रभावित हुआ है.

सियोल और बुसान के बाद, डिगू दक्षिण कोरिया का तीसरा सबसे बड़ा शहर है. 12 मार्च को कोरिया सेंटर्स फ़ॉर डिजीज कंट्रोल एंड प्रिवेन्शन की रिपोर्ट के अनुसार, डिगू दक्षिण कोरिया का सर्वाधिक प्रभावित क्षेत्र है.

निप्पो, जापान का एक मीडिया संस्थान है. इसने ख़बर दी कि 12 मार्च तक होक्काइदो में कोरोना वायरस के सबसे अधिक कंफ़र्म कैरियर्स हैं. निप्पो की रिपोर्ट जापान के स्वास्थ्य, श्रम और कल्याण मंत्रालय की रिपोर्ट के आधार पर तैयार की गई थी.

क्या ये शहर 40 डिग्री अक्षांश पर हैं?

वायरल पोस्ट में दिए गए सभी जगहों के अक्षांश निर्देशांक निम्नलिखित हैं:

  • ग्रांड इस्ट, फ्रांस – 48.6998° N
  • बरगामो, इटली – 45.6983° N
  • तेहरान, ईरान – 35.6892° N
  • वुहान, चीन – 30.5928° N
  • डिगू, साउथ कोरिया – 35.8714° N
  • होक्काइदो, जापान – 43.2203° N
  • सिएटल, अमेरिका – 47.6189° N
  • वॉशिंगटन, अमेरिका – 47.7511° N
  • न्यूयॉर्क, अमेरिका – 40.7128° N

सिंगापुर के एक न्यूज़ चैनल, चैनल न्यूज़ एशिया (CNA), ने एक इंटरैक्टिव मैप बनाया. ये मैप दुनियाभर में संक्रमण के कंफ़र्म मामलों, मौतों की रिपोर्ट और ठीक हुए मरीज़ों का ट्रैक रखता है. 16 मार्च तक, सबसे अधिक प्रभावित टॉप-12 देशों की लिस्ट में जापान का नाम नहीं था. जबकि नक़्शे की वायरल तस्वीर में जापान भी शामिल है.

ये सच है कि ऊपर जिन देशों का नाम लिया गया है, वो सभी ऊत्तरी गोलार्ध के हैं. मगर किरण मज़ूमदार शॉ का ये कहना कि “दक्षिणी गोलार्ध अप्रभावित दिखता है”, बिल्कुल ग़लत है. चैनल न्यूज़ एशिया के इंटरैक्टिव मैप से लिए गए स्क्रीनशॉट में कोरोना वायरस से प्रभावित दक्षिणी गोलार्ध के कुछ देश दिख रहे हैं. हरेक देश से संबंधित डेटा इंटरैक्टिव मैप को ज़ूम करके देखा जा सकता है.

इसलिए ये दावा ग़लत है कि कोरोना वायरस से सबसे बुरी तरह प्रभावित हुए मामले 40 डिग्री अक्षांश पर हैं. अगर आप ये जानना चाहते हैं कि जीपीएस निर्देशांक कैसे काम करते हैं, तो आप ब्रेनस्टफ़ का ये एक्सप्लेनर देख सकते हैं.

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About the Author

Archit is a fact-checking journalist at Alt News since November 2019. Previously, he has worked as a producer at a TV news channel and as a reporter at a leading English-language daily. In addition to work experience in media, he has also worked as a fundraising and communication manager at an NGO.