इंडियन कोस्ट गार्ड ने 18 मार्च को लक्षद्वीप के पास तीन श्रीलंकाई नाव पकड़ीं जिनमें भारी मात्रा में ड्रग्स और हथियार बरामद किये गये. इसके करीब एक हफ़्ते बाद कई सोशल मीडिया यूज़र्स दावा करने लगे कि इस नाव से केरला में अवैध सामग्री की तस्करी की जा रही थी. बता दें कि केरला में 6 अप्रैल से विधानसभा चुनाव के मतदान होने हैं.

ट्विटर यूज़र @pratheesh_Hind ने ड्रग्स के ढेर की तस्वीर शेयर करते हुए लिखा, “लक्षद्वीप से केरला लाई जा रही 3000 करोड़ रुपये की ड्रग्स, मशीन गन्स और 1000 गोलियां लाये जाने का प्रयास किया जा रहा था जिन्हें ज़ब्त कर लिया गया है. लेकिन केरल में ये कुछ नया नहीं है क्योंकि मेनस्ट्रीम मीडिया कभी ये सब नहीं दिखाती है. लोग न जान जायें इसलिए न्यूज़ छिपाई जाती है. सेक्युलर केरल.”

ऐसा ही दावा यूज़र @meelogsin ने भी किया.

कुछ फ़ेसबुक यूज़र्स ने भी ये दावा शेयर किया. ऑल्ट न्यूज़ को इसके व्हाट्सऐप पर वायरल दावे के वेरिफ़िकेशन के लिए कई रिक्वेस्ट भी भेजी गयी.

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फ़ैक्ट-चेक

ये फ़ैक्ट-चेक दो भागों में बांटा गया है:

1. तस्वीर का वेरिफ़िकेशन
2. इंडियन कोस्ट गार्ड की प्रेस रिलीज़

तस्वीर का वेरिफ़िकेशन

वायरल दावे के साथ जो तस्वीर शेयर की गयी है वो असल में अल जज़ीरा ने 2020 में पब्लिश की थी. इस आर्टिकल के मुताबिक, मार्शल द्वीप की पुलिस ने ड्रग्स से भरे 1-1 किलो के कई पैकेट ज़ब्त किए. मार्शल द्वीप प्रशांत महासागर में हवाई और फ़िलीपींस के बीच ज्वालामुखीय और कोरल द्वीपों की श्रृंखला है.

रिपोर्ट्स के मुताबिक कुल 649 किलो नशीला पदार्थ बरामद किया गया. अल जज़ीरा के मुताबिक, देश में पहली बार एक साथ इतनी बड़ी मात्रा में कोकेन का भंडाफोड़ हुआ. ड्रग्स का ये ढेर किसी भटकी हुई नाव पर ऐलुक द्वीप के किनारे आ पहुंची थी.

इंडियन कोस्ट गार्ड की प्रेस रिलीज़

इंडिया कोस्ट गार्ड (ICG) ने 18 मार्च को एक ट्वीट में बताया कि मिनिकॉय द्वीप के पास 3 नावों से 1000 गोलियों के साथ 5 AK-47 राइफ़ल और 300 किलो हेरोइन बरामद की गयी है. आगे बताया गया कि नावों को नज़दीकी पोर्ट ले जाया जा रहा है जहां आगे की जांच होनी है.

ICG ने एक प्रेस नोट जारी करते हुए इस ज़ब्ती के बारे में जानकारी दी लेकिन इसमें कहीं भी ये नहीं बताया गया है कि नाव कहां पहुंचने वाली थी. ICG के सूचना अधिकारी कमांडेंट अनूप कुमार ने ऑल्ट न्यूज़ से कहा, “जब तक जांच पूरी नहीं होती, ये नहीं बताया जा सकता कि नाव कहां जा रही थी.”

प्रेस नोट में नावों की पहचान श्रीलंका की मछली मारने वाली नाव रविहंसी के तौर पर की गयी है. इसमें लिखा है, “सभी तीनों नावों समेत उनपर मौजूद 19 लोगों को आगे की जांच के लिए केरल के विजिनजम लाया गया है.”

ये भारत के पश्चिमी तट पर 15 दिनों के भीतर ICG का ड्रग तस्करी पकड़ने का दूसरा सबसे बड़ा अभियान था. इससे पहले, 5 मार्च को ICG ने मिनिकॉय द्वीप पर श्रीलंकाई नाव आकर्ष दुवा समेत 6 लोगों को पकड़ा था. द हिन्दू ने रिपोर्ट किया था कि श्रीलंकाई नाव आकर्ष दुवा को भी आगे की जांच के लिए विजिनजम ले जाया गया था. कोच्ची के तीन स्टेशनों में विजिनजम कोस्ट गार्ड स्टेशन शामिल है.

कई सोशल मीडिया यूज़र्स ने निराधार दावा किया कि इंडियन कोस्ट गार्ड ने केरला लाये जा रहे हथियार और ड्रग्स बरामद किये हैं. ICG ने 18 मार्च को मछली मारने वाली 3 श्रीलंकाई नाव को पकड़ा था. लेकिन ICG ने ये नहीं बताया है कि ये नाव कहां जा रही थीं और कहा कि आगे की जांच के लिए नावों और उनमें मौजूद लोगों को विजिनजम ले जाया गया.


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About the Author

Archit is a fact-checking journalist at Alt News since November 2019. Previously, he has worked as a producer at a TV news channel and as a reporter at a leading English-language daily. In addition to work experience in media, he has also worked as a fundraising and communication manager at an NGO.