ट्रिगर चेतावनी: आत्महत्या, खुद को चोट पहुंचाना

वायरल वीडियो की संवेदनशीलता को देखते हुए इस फ़ैक्ट-चेक स्टोरी में असली ट्वीट का इस्तेमाल न करके सिर्फ स्क्रीनशॉट का इस्तेमाल किया गया है. 

सोशल मीडिया और व्हाट्सऐप पर एक  वीडियो वायरल है जिसमें एक व्यक्ति कसाई के चाकू से अपनी उंगली काटकर कैमरे पर दिखा रहा है. दावा किया जा रहा है कि वीडियो में दिख रहे शख्स को बीजेपी को वोट देने का पछतावा है और इसीलिए उसने वो उंगली काट ली जिससे उसने वोट दिया था.

असमा नामक एक ट्विटर यूज़र ने वायरल वीडियो से एक तस्वीर ट्वीट की. उनके बायो में लिखा है कि वो ‘कांग्रेस अल्पसंख्यक SM संयोजक तेलंगाना’ हैं. इस तस्वीर पर लिखा है: “शख्स ने जिस उंगली से भाजपा को वोट दिया उसे काट दिया.” (आर्काइव लिंक)

श्यामजीत यादव समाजवादी पार्टी विधानसभा क्षेत्र 186 नामक एक फ़ेसबुक यूज़र ने ये वीडियो फ़ेसबुक पर इसी दावे के साथ शेयर किया कि वीडियो में दिख रहे शख्स को बीजेपी को वोट देने का पछतावा है और इसलिए उसने गुस्से में अपनी उंगली काट ली. 

ऑल्ट न्यूज़ को इस वीडियो की सच्चाई जानने के लिए व्हाट्सऐप पर कई रिक्वेस्ट मिलीं.

This slideshow requires JavaScript.

फ़ैक्ट-चेक

वायरल वीडियो में व्यक्ति जो कह रहा है उसका एक ट्रांसक्रिप्शन यहां दिया गया है: “हर दिन मैं आपको अपने शरीर का एक हिस्सा उपहार के रूप में भेजूंगा. ये देखिये (उंगली काटते समय). मैं इसे आपको उपहार में दे रहा हूं मोदी सरकार. ये देखो. क्या ये अच्छा नहीं लग रहा है? मैं आपको हर दिन अपने शरीर का एक हिस्सा उपहार में देता रहूंगा… मैं आपको हर हफ्ते अपने शरीर का एक हिस्सा उपहार में देता रहूंगा.”

ट्विटर यूज़र अस्मा द्वारा शेयर की गई तस्वीर पर हमने मीडिया आउटलेट न्यूज़24 का लोगो देखा. हमने न्यूज़24 चैनल पर असली पोस्ट की तलाश की, मालूम चला कि ट्वीट ही भ्रामक था. हालांकि, तस्वीर पर लिखे टेक्स्ट में कहा गया है, “शख्स ने जिस उंगली से भाजपा को वोट दिया उसे काट दिया.” इस ट्वीट में कहा गया है, “जब तक आरोपियों की गिरफ़्तारी नहीं होती, मैं अपने शरीर का एक-एक अंग काटकर सरकार को भेजता रहूंगा” ◆ महाराष्ट्र में भाई और भाभी ने की आत्महत्या तो दूसरे भाई ने न्याय नहीं होने पर उंगली काटी.” ट्वीट में शख्स की पहचान धनंजय नानावरे के रूप में की गई है. (आर्काइव)

इसे ध्यान में रखते हुए हमने सर्च किया और हमें इस घटना के बारे में कई रिपोर्ट्स मिलीं. फ्री प्रेस जर्नल की एक रिपोर्ट के मुताबिक, 1 अगस्त को धनंजय के भाई नंदकुमार नानावरे और नंदकुमार की पत्नी उर्मिला नानावरे ने अपने बंगले की छत से कूदकर आत्महत्या कर ली थी. नंदकुमार भाजपा विधायक पप्पू कालानी के निजी सहायक थे और उन्होंने शिवसेना विधायक बालाजी किनिकर के लिए भी काम किया था.

रिपोर्ट में ठाणे के पुलिस उपायुक्त (क्राइम ब्रांच) शिवताज पाटिल के हवाले से कहा गया है, ‘हम मामले की जांच कर रहे हैं और जांच के दौरान हमें मृतक द्वारा सुसाइड नोट में बताए गए चार नाम मिले. हमने उन्हें हिरासत में ले लिया है और फिलहाल उनसे पूछताछ कर रहे हैं.”

रिपोर्ट में कहा गया है, “संग्राम निकालजे और अज्ञात व्यक्तियों के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोप में FIR दर्ज़ की गई थी. भारतीय दंड संहिता (IPC) की धारा 306 (आत्महत्या के लिए उकसाना) और 34 (सामान्य इरादा) के तहत मामला दर्ज़ किया गया था. हालांकि, 18 दिनों के बाद भी मामले में कोई कार्रवाई नहीं हुई…धनंजय अपने मृत भाई को न्याय नहीं मिलने से उदास थे और शुक्रवार को सुबह अपना घर छोड़कर वो अपने पोल्ट्री फार्म में चले गए. इसके बाद उन्होंने अपने फ़ोन पर एक वीडियो शूट किया जो वायरल हो गया.

हमें धनंजय नानावरे का 51 सेकंड का वीडियो भी मिला जिसमें वो कहते हैं कि कटी हुई उंगली, वही उंगली जिससे उन्होंने बीजेपी को वोट दिया था, मोदी सरकार के लिए एक उपहार है और वो इसे पुलिस को सौंप देंगे.

यहां इस वीडियो का एक ट्रांसक्रिप्शन है: “मैंने भाजपा पार्टी को वोट देने के लिए इसी उंगली का इस्तेमाल किया था. मैं ये उंगली पास के पुलिस स्टेशन में ले जा रहा हूं और उन्हें दे रहा हूं. उन्होंने हमें बहुत मुश्किल स्थिति में डाल दिया है, हम दबाव में हैं. स्थानीय गुंडे हम पर हमला कर रहे हैं. ये कितनी भयानक स्थिति है. मैं अपनी इस कटी हुई उंगली को छोड़ने के लिए पास के पुलिस स्टेशन में आया हूं. ये मोदी सरकार के लिए एक उपहार है.” (बैकग्राउंड में पुलिस को उंगली हटाने के लिए चिल्लाते हुए सुना जा सकता है) जिसके बाद उन्होंने अपनी उंगली वहां से उठा ली.”

अपने भाई पर हुए कथित उत्पीड़न की घटना के बारे में बात करते हुए, धनंजय ने हिंदुस्तान टाइम्स को बताया, “मेरे भाई ने आत्महत्या से एक दिन पहले एक व्यक्ति को ₹10 लाख नकद दिए थे. मुझे इसके बारे में उसके बैंक अकाउंट के डिटेल्स को स्कैन करते वक्त पता चला. पुलिस को इसकी जांच करनी चाहिए, क्यूंकी इसका मतलब है कि आरोपी उसे पैसे के लिए भी परेशान कर रहे थे.” धनंजय ने कहा, “मुझे अब भी पूरा यकीन है कि मैं अपने भाई को न्याय दिलाने के लिए अपने शरीर के अंगों को एक-एक करके काटूंगा.” उन्होंने कहा कि डॉक्टरों ने उन्हें बताया था कि पुनर्निर्माण रिकंस्ट्रक्टिव सर्जरी संभव नहीं है. इंडिया टुडे ने रिपोर्ट किया कि उन्हें पुणे के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है.

कुल मिलाकर, ये दावा भ्रामक है कि उस व्यक्ति ने अपनी उंगली इसलिए काट ली क्योंकि उसने इससे भाजपा को वोट दिया था. उन्होंने एक वीडियो में बताया कि खुद को चोट पहुंचाने का मुख्य कारण उनके भाई और भाभी की कथित आत्महत्या से जुड़े मामले में पुलिस की कथित निष्क्रियता का विरोध करना था. साथ ही वीडियो में दिख रहा व्यक्ति पवन कुमार नहीं बल्कि धनंजय नानावरे है, जैसा कि कुछ वायरल पोस्ट में दावा किया गया है.

श्रेयतामा दत्ता ऑल्ट न्यूज़ में इंटर्न हैं.

आंशिक रूप से सत्य
दावा:
जिस उंगली से भाजपा को वोट दिया उसी उंगली को इस शख्स ने काट दिया

The content contains some accurate information but also significant inaccuracies.

हमारी कार्यप्रणाली पढ़ें