सोशल मीडिया में मुंबई बाइकुला के पूर्व विधायक और AIMIM के नेता वारिस पठान और पुलिस के बीच बहस का 56 सेकंड का एक वीडियो सोशल मीडिया में खूब वायरल है. ये वीडियो लॉकडाउन के दौरान मस्जिद खुली रखने की बात पर पठान और पुलिस के बीच हुई बहस का बताते हुए शेयर हो रहा है. भाजपा लोकसभा सांसद अर्जुन सिंह ने 29 अप्रैल 2020 को ये वीडियो ट्वीट करते हुए लिखा, “Look at the open threat being given by #warispathan to police. And @rautsanjay61 ji of ruling party in Maharashtra was trying to teach @myogiadityanath ji on how to handle law and order.Pehle Mumbai to sambhal lijye! #byculla (अनुवाद – देखिए #warispathan द्वारा कैसे खुले में पुलिस को धमकी जा रही है. महाराष्ट्र की सत्ताधारी पार्टी के @rautsanjay61 @myogiadityanath को कानून सिखाने की बात कह रहे थे. पहले मुंबई तो संभाल लीजिए #byculla)” (ट्वीट का आर्काइव लिंक)

फ़ेसबुक यूज़र अंकुर गुप्ता ने ये वीडियो 28 अप्रैल को पोस्ट किया ये कहते हुए पोस्ट किया, “#Warispathan..🐷.. See their dadagiri with our Coronavirus warriors who is doing their duty towards us to save our lives & these type of mullahs are threatening the police officer who is doing his duty very honestly.” आर्टिकल लिखे जाने तक गुप्ता की पोस्ट को 3,900 बार देखा और 600 से ज़्यादा बार शेयर किया जा चुका है. (फ़ेसबुक पोस्ट का आर्काइव वर्ज़न)

#Warispathan..🐷.. See their dadagiri with our Coronavirus warriors who is doing their duty towards us to save our lives & these type of mullahs are threatening the police officer who is doing his duty very honestly

Posted by Ankur Gupta on Tuesday, 28 April 2020

वीडियो में पठान पुलिस को कहते है, “देशमुख साब मैं हमेशा लॉ एंड ऑर्डर और कानून का कभी उल्लंघन नहीं किया हुं. ये लोग शरीफ़ लोग है अपने यहां पर 40 साल से शांति से रह रहे हैं. इनको कोई परेशान नहीं करना, मस्जिद को बंद करने की कोशिश नहीं करना, लाउडस्पीकर बंद करने की कोशिश नहीं करना. रात को जूता पहन कर घर में नहीं घुसने का. हम प्यार से बात करने वाले लोग हैं. हम लॉ एंड ऑर्डर को मानने वाले लोग हैं. कायदे कानून में रह कर बात करते हैं. लेकीन अगर आप हमारे साथ अन्याय करोगे ज़ोर-जबरदस्ती करोगे दादागिरी करोगे तो देशमुख साब हमको अपने हाल पे छोड़ दो कानून से फैसला होगा, हमारा फैसला होगा. हम खड़े रहेंगे तुम मारो गोली तुम्हारे में ताकत है तो खाने कों तैयार है हम. और सुनो मस्जिद जैसा चल रही है चलने दो, हॉस्पिटल जैसा चल रहा है चलने दो.”

ये वीडियो ट्विटर और फ़ेसबुक पर काफ़ी ज़्यादा वायरल है.

ऑल्ट न्यूज़ के ऑफ़िशियल मोबाईल ऐप पर इस वीडियो के बारे में जानने के लिए कुछ रीक्वेस्ट भी आई हैं.

फ़ैक्ट-चेक

वायरल वीडियो के ऊपरी दाएं कोने में ‘mumbai live’ लिखा हुआ है.

यूट्यूब पर की-वर्ड्स ‘waris pathan mumbai police mumbai live’ से सर्च करने पर ‘मुंबई लाइव’ नाम की चैनल का 18 नवंबर 2016 का एक वीडियो मिला. चैनल ने वीडियो पोस्ट करते हुए बताया कि लाउडस्पीकर की आवाज़ धीमे रखने के मामले में पुलिस और पठान के बीच बहस हो गई थी.

1 मिनट 13 सेकंड के इस वीडियो में वारिस बताते है कि ‘मस्जिद और हॉस्पिटल जैसी चल रही है वैसे चलने दो. हमें 10 बजे तक का परमीशन है.’ आगे वो बाकी के लोगों से कहते हैं, “तुम लोग कायदा कानून खराब नहीं करना. ये लोग (पुलिस) अपने को परेशान नहीं कर रहे हैं. अपने को ये लोग सपोर्ट कर रहे हैं. अपना फ़र्ज़ बनता है कि अपन कायदे कानून के दायरे में रहकर काम करें.”

‘मुंबई लाइव’ ने इस वीडियो के बारे में एक आर्टिकल भी पब्लिश किया था. आगे यूट्यूब सर्च से 14 नवंबर 2016 को ‘AIMIM इंडिया’ द्वारा अपलोड किया गया ये वीडियो मिला. वीडियो के साथ ‘AIMIM इंडिया’ ने दावा किया कि दक्षिणी मुंबई के बाइकुला की मस्जिद में लाउडस्पीकर को लेकर पुलिस और लोगों के बीच टकराव हो गया था. इस मामले में बाइकुला के विधायक पठान ने बीच में पड़कर लोगों को शांत करवाया. यूट्यूब पोस्ट के मुताबिक वहां पर इस विवाद के चलते हज़ारों की भीड़ इकट्ठा हो गई थी.

इसके अलावा, पठान ने भी इस घटना के बारे में ट्वीट करते हुए बताया है. उन्होंने अपने ट्वीट में बताया कि एक 5 साल पुराने वीडियो को लोग फ़र्ज़ी दावे के साथ शेयर कर रहे हैं.

इससे ये बात साफ़ हो जाती है कि सोशल मीडिया में 4 साल पुराने ‘मुंबई लाइव’ चैनल के वीडियो के एक हिस्से को काटकर कोरोना वायरस के लॉकडाउन से जुड़ा हुआ बताकर शेयर किया गया. वीडियो के साथ ये दावा किया गया कि वारिस पठान लॉकडाउन के दौरान मस्जिद खुली रखवाने के लिए पुलिस को धमका रहे हैं. सोशल मीडिया में इस वीडियो को लॉकडाउन से संबंधित बताने वाला हर दावा ग़लत है.

ग़लत
दावा:
वारिस पठान लॉकडाउन के दौरान मस्जिद खुली रखवाने के लिए पुलिस को धमका रहे है

यह सामग्री तथ्यात्मक रूप से गलत या गढ़ी हुई है.

हमारी कार्यप्रणाली पढ़ें