पश्चिम बंगाल के दूसरे और आखिरी चरण के मतदान से पहले तृणमूल कांग्रेस (TMC) की सांसद सायनी घोष का दो वीडियो का कोलाज वीडियो वायरल हो रहा है. पहले हिस्से में सायनी घोष एक मंच पर बांग्ला में ‘मेरे दिल में है काबा और मेरी आंखों में मदीना‘ गाना गा रही है तो दूसरे वीडियो में ‘हनुमान चालीसा‘ का पाठ करती नज़र आ रही हैं. यूज़र्स वीडियो को शेयर करते हुए दावा कर रहे हैं कि पहले चरण में ‘मेरे दिल में है काबा’ गाने वाली सायनी हिंदू मतदाताओं को लुभाने के लिए दूसरे चरण से पहले हनुमान चालीसा का पाठ कर रही हैं.

पाठक गौर करें कि पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के पहले चरण यानी, 23 अप्रैल के मतदान के बाद निर्वाचन आयोग ने मतदान की समीक्षा कर बताया कि पश्चिम बंगाल में पहले चरण का मतदान 93.19 प्रतिशत रहा है.

इस संदर्भ में भाजपा समर्थक आधारित फेसबुक पेज ‘Presstitutes‘ ने वीडियो को शेयर करते हुए लिखा, “93% मतदान की ताकत. पिछले सप्ताह: टीएमसी की सायनी घोष ने “काबा मेरे दिल में, मदीना मेरी आंखों में” गीत गाया. पहले चरण के मतदान के बाद: वह सार्वजनिक रूप से हनुमान चालीसा का पाठ कर रही हैं. भारी मतदान के चलते उन्होंने रातोंरात इस्लाम छोड़कर हिंदू धर्म अपना लिया. यह एकजुट हिंदू वोटों की शक्ति है.”

राइट विंग इन्फ्लुएंसर ऋषि बागरी और भाजपा समर्थक ज़ीनत राणा ने वीडियो शेयर करते हुई लिखा, “93% मतदान का असर है यह.”

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भाजपा कार्यकर्ता पामेला गोस्वामी ने सायनी घोष का ऐसा ही एक वीडियो शेयर किया जिसमें यूपी मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ टीएमसी और सायनी घोष पर टिपण्णी करते दिख रहे हैं, पामेला गोस्वामी ने अपने एक्स पोस्ट पर लिखा, “बाबा जी और उनका प्रभाव”.

भाजपा प्रवक्ता और भाजपा दिल्ली की महिला मोर्चा की राज्य महासचिव वैशाली पोद्दार ने अपने एक्स पर सायनी घोष के दोनों वीडियो को शेयर करते हुए लिखा, “पिछले हफ्ते गा रही थीं, ‘काबा दिल में, मदीना आंखों में’ पहले चरण की वोटिंग के बाद अब खुलेआम हनुमान चालीसा पढ़ रही हैं. बंपर वोटिंग ने रातोंरात इनका सुर बदल दिया.”

 

फैक्ट-चेक

ऑल्ट ने वायरल वीडियो की जांच के लिए वीडियो के कुछ की-फ्रेम को रिवर्स इमेज किया. हमे पहला वीडियो 6 अप्रैल 2026 को AK Studio Assam के यूट्यूब शॉर्ट्स पर मिला. साथ ही चैनल पर टीएमसी सांसद सायनी घोष के भाषण का लंबा वीडियो 7 अप्रैल को अपलोडेड मिला. इसमें वो भारत को सेक्युलर देश बताते हुए देश में हिंदू मुस्लिम की राजनीति में नहीं बांटने की बात करते हुए यह बांग्ला गाना ‘दे दे पल तुले दे‘ का एक अंतरा गाती हुई दिखीं. वीडियो के कैप्शन और डिस्क्रिप्शन में बताया गया कि ये असम के बारपेटा जोनिया हाई स्कूल खेल का मैदान में टीएमसी की विशाल चुनावी सार्वजनिक बैठक था.

आगे की-वर्ड सर्च करने पर हमें सांसद सायनी घोष के एक्स पर और ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस की असम शाखा का आधिकारिक फेसबुक पेज पर 4 अप्रैल 2026 के पोस्ट मिले. जिसमें बताया गया मंडिया विधानसभा, बारपेटा, असम में पार्टी के उम्मीदवार शेरमन अली अहमद के चुनावी अभियान के तहत, एक विशाल जनसभा का आयोजन किया गया था. जिसमें सांसद सयानी घोष और पार्टी के वरिष्ठ उपाध्यक्ष दुलु अहमद के साथ-साथ कई अन्य पार्टी कार्यकर्ता और हज़ारों लोग शामिल हुए थे.

यानी वायरल वीडियो का पहला हिस्सा, जिसमें सांसद सयानी घोष बांग्ला गाना ‘दे दे पल तुले दे‘ गाते दिख रही हैं, असल में असम के हालिया चुनावी रैली के दौरान आयोजित एक जनसभा का है. ये पश्चिम बंगाल के किसी चुनावी रैली के मंच का वीडियो नहीं है.

आगे जांच जारी रखते हुए जब हमने वायरल वीडियो के दूसरे वीडियो के की-फ्रेम्स को रिवर्स इमेज सर्च किया, तो हमें सांसद सयानी घोष के एक्स-अकाउंट पर एक लंबा वीडियो 24 अप्रैल को अपलोडेड मिला. इसमें कोलकाता के भवानीपुर निर्वाचन क्षेत्र में ममता बनर्जी के समर्थन में सयानी घोष चुनाव प्रचार करती दिख रही हैं. साथ ही भाजपा पर निशाना साधते हुए विभाजनकारी का आरोप लगा रही हैं.

पूरे वीडियो में सांसद सयानी घोष कह रही हैं कि भवानीपुर क्षेत्र में इतनी समृद्धि और इतनी शांति हैं यह अपने आप में एक “मिनी इंडिया” है, जहां हर धर्म और हर समुदाय के लोग रहते हैं एक घर से, एक आवाज़ सुनी जा सकती है, “रूपं देहि जयं देहि यशो देहि द्विषो जहि” “या देवी सर्वभूतेषु शक्ति-रूपेण संस्थिता, नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमो नमः” “या देवी सर्वभूतेषु शांति-रूपेण संस्थिता। नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमो नमः“.

आगे वीडियो में सयानी घोष कहती हैं ठीक बगल वाली गली से, कोई सुन सकता है, “ला इलाहा इल्लल्लाह, मुहम्मदुर रसूलुल्लाह, बिस्मिल्लाहिर रहमानिर रहीम” और उस के ठीक बगल में, दूसरी गली से, आवाज़ सुनाई आती है, “जय हनुमान ज्ञान गुण सागर, जय कपीस तिहुं लोक उजागर. राम दूत अतुलित बलधामा, अंजनी पुत्र पवन सुत नामा. महावीर विक्रम बजरंगी, कुमति निवार सुमति के संगी. कंचन बरन बिराज सुबेसा, कानन कुण्डल कुंचित केसा.” और उस के ठीक बगल में कहीं, कोई सुन सकता है, “इक ओंकार सतनाम करता पुरख, अकाल मूरत, अजूनी सभम, गुरु परसाद जप आड़ सच जुगाड़ सच, है भी सच नानक होसे भी सच

हिंदू-मुस्लिम, सिख सभी के प्रार्थनों का उच्चारण करने के बाद सयानी घोष जनता से पूछती दिख रही हैं कि क्या आप बंगाल भाजपा को सौंप देंगे? क्या आप भेदभाव के लिए जगह बनाने देंगे? क्या आप विभाजन के लिए जगह बनाएंगे? क्या आप इसे यहां जड़ें जमाने देंगे?.

यानी, सयानी घोष के भाषण के पूरे वीडियो में से हुनमान चालीसा के पंक्तियों वाला एक छोटा हिस्सा काट कर उसे ग़लत संदर्भ में शेयर किया जा रहा है. जबकि असल में उन्होंने सभी धर्मों की प्रार्थना का उच्चारण किया था. लेकिन भाजपा कार्यकर्ता और राइट विंग यूज़र्स द्वारा असम और पश्चिम बंगाल के दो अलग-अलग राज्य के चुनावी सभा के वीडियो को केवल पश्चिम बंगाल का बताकर यह झूठा दावा किया जा रहा है कि पश्चिम बंगाल के पहले चरण चुनाव में 93% मतदान होने के बाद TMC सांसद सायनी घोष ने अपने चुनाव प्रचार के दौरान अब इस्लामी समर्थकों के लिए गाना छोड़कर हिंदुओं के लिए हनुमान का गुणगान कर रही हैं.

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