मुज़फ्फ़रनगर में किसानों से घिरे एक पत्रकार का अपने कैमरापर्सन को संबोधित करते हुए एक वीडियो सोशल मीडिया पर शेयर किया जा रहा है. दावा किया जा रहा है कि पत्रकार किसानों को इसके लिए ‘तैयार’ कर रही थी कि उन्हें कैमरे पर क्या कहना है. दावे के अनुसार, इसी सिखाने के क्रम में उन्होंने कैमरापर्सन से कहा ‘जल्दी जल्दी अबको सिखा देना’. भाजपा प्रवक्ता सुरेश नखुआ ने वीडियो ऐसे ही दावे के साथ शेयर किया.

ये वीडियो ट्विटर और फ़ेसबुक दोनों पर वायरल है. इसे @iAnkurSingh ने ट्वीट किया था.

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वीडियो मुज़फ्फ़रनगर की ‘किसान महापंचायत’ का है जहां प्रदर्शनकारियों ने मुख्यधारा के कई मीडिया चैनलों की आलोचना की और उनका बहिष्कार किया.

फ़ैक्ट-चेक

स्लो-मोशन में ऑडियो सुनने पर ये साफ़ हो जाता है कि पत्रकार ने कहा था ‘जल्दी-जल्दी सब कुछ दिखा देना’ और कुछ सेकंड बाद कैमरा प्रदर्शनकारियों की सभा को दिखाने लगता है. ऑल्ट न्यूज़ के को-फ़ाउंडर मोहम्मद ज़ुबैर ने एक स्लो-मोशन वीडियो ट्वीट किया था.

पत्रकार के यूट्यूब चैनल ‘द मीरा व्लॉग्स’ पर पूरा वीडियो देखा जा सकता है जिसमें कैमरापर्सन प्रदर्शन का एक शॉट ले रहा है. वायरल हो रहे इस हिस्से को वीडियो में 5 मिनट पर देखा जा सकता है.

सुरेश नाखुआ के ओरिजनल ट्वीट का जवाब देते हुए पत्रकार राहुल गौतम ने ये भी बताया कि उन्होंने ‘जल्दी जल्दी सब कुछ दिखा देना’ कहा था. उन्होंने आगे कहा कि वो शूटिंग के दौरान उनके करीब थे और “कोई भी मीडियाकर्मी उनके हाथ के इशारे से बता सकता है कि उन्होंने कैमरापर्सन को कैमरा चारों ओर घूमाने के लिए कहा था.”

इस तरह वीडियो को इस झूठे दावे के साथ शेयर किया गया कि एक पत्रकार किसानों का इंटरव्यू लेने से पहले उन्हें ‘तैयार’ कर रही थी. हाल ही में, किसान नेता और भारतीय किसान यूनियन (बीकेयू) के प्रवक्ता राकेश टिकैत द्वारा उसी मुज़फ्फ़रनगर महापंचायत में ‘अल्लाह हू अकबर’ कहने का एक वीडियो भी भ्रामक दावे के साथ शेयर किया गया था.


ज़ी हिंदुस्तान ने

 

ग़लत
दावा:
पत्रकार ने कैमरा पर आने से पहले किसानों को 'सिखाने' के लिए कहा.

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