“भोपाल मुख्यमन्त्री कमल नाथ निवास के बहार धरना दे रहे बेरोज़गार युवकों को मिली सौग़ात !!! आज सुबह सभी बेरोज़गार युवकों को नौकरी का ज्वाइन लेटर हाथो हाथ दिया गया ◾ आप भी बेरोजगार हो तो कृपया कमलनाथ जी के पास नौकरी लेने जाएं”

उपरोक्त संदेश फेसबुक पर एक वीडियो क्लिप के साथ वायरल है। वीडियो में कंपाउंड के अंदर पुलिस को युवकों पर लाठीचार्ज करते हुए देखा जा सकता है, यह वीडियो 1:39 मिनट का है।

 

भोपाल मुख्यमन्त्री कमल नाथ निवास के बहार धरना दे रहे बेरोज़गार युवकों को मिली सौग़ात !!!
आज सुबह सभी बेरोज़गार युवकों को नौकरी का ज्वाइन लेटर हाथो हाथ दिया गया ◾ आप भी बेरोजगार हो तो कृपया कमलनाथ जी के पास नौकरी लेने जाएं

Posted by Malhar Rao on Monday, 16 September 2019

कुछ व्यक्तिगत उपयोगकर्ताओं ने इस वीडियो को समान संदेश के साथ फेसबुक पर साझा किया है।

यह वीडियो ट्विटर पर भी समान दावे से प्रसारित है।

तथ्य जांच

साझा किया गया दावा गलत है। सच तो यह है कि वीडियो में दिख रही घटना जून 2018 में उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ की है। एक हिंदूवादी संगठन, हिंदू जागरण मंच के सदस्य, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) के कार्यालय के बाहर विरोध प्रदर्शन कर रहे थे, जो अपने संगठन के एक व्यक्ति पर हमला करने वाले व्यक्ति की गिरफ्तारी की मांग कर रहे है। यह विरोध प्रदर्शन अनियंत्रित हो गया था, जिसके बाद पुलिस ने इसे नियंत्रित करने के लिए लाठीचार्ज का सहारा लिया था। इस घटना की खबर टाइम्स ऑफ इंडिया, इंडियन एक्सप्रेस और ANI सहित कई मीडिया संगठनों ने दी थी।

प्रसारित किये गए वीडियो की इससे पहले भी दो बार पड़ताल की जा चुकी है, जब इसे सोशल मीडिया में दो अन्य दावों के साथ साझा किया गया था। यह वीडियो अगस्त 2018 में झूठे लेकिन समान दावे के साथ साझा किया गया था कि यूपी सीएम योगी आदित्यनाथ के आवास के बाहर इकट्ठा हुए युवाओं पर पुलिस ने हमला किया। इसके पहले, इस वीडियो को राजस्थान में पुलिस अत्याचार के झूठे दावे के साथ साझा किया गया था। इससे यह साफ़ है कि सोशल मीडिया में किया गया दावा गलत है। यह वीडियो मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री कमलनाथ के आवास के बाहर एमपी पुलिस बेरोजगारी पर प्रदर्शन कर रहे युवाओं पर लाठीचार्ज नहीं कर रही है।

असत्य
दावा:
एमपी के मुख्यमंत्री के घर के बाहर बेरोजगारी के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे युवाओं पर पुलिस ने किया लाठीचार्ज

यह सामग्री तथ्यात्मक रूप से गलत या गढ़ी हुई है।

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