अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प द्वारा ईरान पर हमले को दो सप्ताह के लिए सस्पेशन की घोषणा के बाद, कई पाकिस्तान समर्थक एकाउंट्स ने कांग्रेस सांसद शशि थरूर का एक वीडियो शेयर किया. इसमें शशि थरूर कह रहे हैं कि ईरान युद्ध को खत्म करने के लिए पाकिस्तान का कदम उठाना “भारत सरकार की भारी रणनीतिक विफलता” थी. अपने 7 अप्रैल के पोस्ट में, ट्रम्प ने पाकिस्तान के नेतृत्व के साथ बातचीत को अपने निर्णय के लिए मुख्य कारकों में से एक बताया था.

वायरल वीडियो में थरूर इंडिया टुडे पर पत्रकार राजदीप सरदेसाई के शो में नज़र आ रहे हैं. ट्रुथ सोशल पर ट्रम्प की पोस्ट का ज़िक्र करते हुए, उन्होंने साफ तौर पर कहा, “मैंने पहले कभी प्रधानमंत्री मोदी या भाजपा की आलोचना नहीं की है, लेकिन आज चुप्पी सिर्फ अंध वफादारी है. कठोर वास्तविकता ये है कि पाकिस्तान वैश्विक स्थिरता प्रदाता के रूप में खुद को फिर से पेश कर रहा है, इस बीच भारत राजनयिक पूंजी को खो रहा है और तेजी से विश्व मंच पर अपना प्रभाव खो रहा है. और हमारा देश किस पर ध्यान केंद्रित कर रहा है? पूरा देश विचलित है, धुरंधर 2 जैसी फ़िल्मों के लिए जयकार कर रहा है. हम वास्तविक दुनिया में हारते हुए सिनेमाई कल्पनाओं का जश्न मना रहे हैं. मैं मैं आज बोल रहा हूं क्योंकि जब वैश्विक व्यवस्था फिर से बदल रही है तो हम अब और अधिक विचलित होने का जोखिम नहीं उठा सकते…”

यूज़र @InsiderWB ने X पर वीडियो शेयर करते हुए कहा, “शशि थरूर ने मोदी सरकार की धज्जियां उड़ा दीं.” पोस्ट को 1,66,000 से ज़्यादा बार देखा गया. (आर्काइव)

पाकिस्तानी पत्रकार कामरान खान ने भी थरूर का कथित वीडियो शेयर करते हुए इसे द ग्रेट इंडियन डिबैकल करार दिया. (आर्काइव)

कई अन्य यूज़र्स ने भी यही वीडियो समान दावे के साथ शेयर किया. (आर्काइव  1234)

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फ़ैक्ट-चेक

ऑल्ट न्यूज़ ने इंडिया टुडे के ऑफ़िशियल यूट्यूब चैनल पर पोस्ट किए गए असली वीडियो की तलाश की, मालूम चला कि शशि थरूर ने कोई भी कथित बयान नहीं दिया था. हमें वो सटीक सेगमेंट भी मिला जिसे वायरल वीडियो में रूपांतरित किया गया था. असली वीडियो में थरूर से बांग्लादेश के साथ भारत के संबंधों के बारे में पूछा गया था.

ऊपर, हमने असली सेगमेंट की तुलना वायरल वीडियो से की है. दोनों क्लिप में राजदीप सरदेसाई के हाथों की हरकतें एक जैसी हैं, जबकि शशि थरूर बिल्कुल अलग-अलग बातें कहते हुए सुनाई दे रहे हैं.

इसके अलावा, हमने शशि थरूर के होठों की हरकत में भी विसंगतियां देखीं.

तिरुवनंतपुरम के सांसद ने इन क्लिपों के प्रसार को संबोधित करते हुए एक बयान भी जारी किया. उनके ट्वीट में लिखा है, “मेरे बारे में चिंताजनक संख्या में डीपफ़ेक वीडियो प्रसारित हो रहे हैं, जिनमें पुराने इंटरव्यू के असली फ़ुटेज पर विश्वसनीय AI जेनरेटेड वॉयस-ओवर है. इसमें “मैं” वो बातें कह रहा हूं जो मैंने कभी नहीं कही…” इसके अलावा, उन्होंने कहा कि अगर कोई निश्चित बयान उनकी टाइमलाइन पर या कथित इंटरव्यू/मीडिया सोर्स पर दिखाई नहीं देता है, तो इसे “फ़र्ज़ी न्यूज़” माना जाना चाहिए.

कुल मिलाकर, शशि थरूर का “मोदी सरकार की धज्जियां उड़ाने वाला” वीडियो AI-जेनरेटेड है. हमने असली इंटरव्यू की तुलना वायरल वीडियो से की और पाया कि शशि थरूर ने ऐसी कोई बात नहीं कही है.

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About the Author

Student of Economics at Presidency University. Interested in misinformation.