सोशल मीडिया में एक पोस्टर प्रसारित किया गया है, जिसमें लिखा हुआ है –“Modi the dracula of Kashmir-मोदी कश्मीर का ड्रैकुला”। इसे अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी के हवाले से साझा किया गया है।

ट्विटर पर हैशटैग #aligarhmuslimuniversity का उपयोग करके पोस्टर को व्यापक रूप से साझा किया गया है।

फेसबुक पर भी यह पोस्टर प्रसारित है।

अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी में कुछ छात्र नेताओं द्वारा कश्मीर मुद्दे पर मोदी जी का यह बेनर लगाया गया है ,ऐसे युवा देश का भविष्य नही हो सकते जो राष्ट्रविरोधी हो,योगी सरकार से अपील है ऐसे लोगो पर सख्त कार्यवाही हो

Posted by संवाद on Monday, 19 August 2019

भारत का नहीं

ऑल्ट न्यूज़ ने पाया कि इस पोस्टर को ना तो AMU के छात्रों द्वारा और ना ही देश के किसी भी हिस्से में रखा गया है। यह बैनर हाल ही में लंदन में भारतीय उच्चायोग के बाहर आयोजित हुए विरोध प्रदर्शन में लगाया गया था।

 

15 अगस्त को, भारत सरकार ने जम्मू कश्मीर के विशिष्ट दर्जे को अप्रभावी करने के लिए अनुच्छेद 370 पर लिए गये फैसले के खिलाफ प्रदर्शनकारियों ने आयोग के बाहर पाकिस्तानी और कश्मीरी झंडे लहराए थे। टाइम्स ऑफ़ इंडिया की रिपोर्ट के मुताबिक, रैली में खालिस्तान के झंडे भी लहराए गए, जिसने बाद में हिंसक रूप ले लिया था जब प्रदर्शनकारियों ने जूते, बोतल, अंडे वगैरे फेंकना शुरू कर दिया।

एक पाकिस्तानी ट्विटर उपयोगकर्ता ने भी इस पोस्टर को साझा किया था जो अभी सोशल मीडिया में झूठे दावे से वायरल है।

अलीगढ़ पुलिस ने सोशल मीडिया में प्रसारित इस गलत सूचना का संज्ञान लिया और एक ट्वीट के माध्यम से स्पष्ट किया कि यह पोस्टर को AMU छात्रों द्वारा नहीं लगाया गया था।

इस तरह लंदन में अनुच्छेद 370 को अप्रभावी करने के निर्णय के खिलाफ हुए प्रदर्शन में उपयोग किए गए पोस्टर को सोशल मीडिया में अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी पर निशाना साधने के लिए साझा किया गया।

असत्य
दावा:
AMU ने साझा किया "कश्मीर का ड्रैकुला मोदी लिखा हुआ पोस्टर

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