‘गोवा न्यूज़ हब’ न्यूज़ पोर्टल ने 28 मार्च को ये वीडियो ट्वीट किया था. ‘गोवा न्यूज़ हब’ खुद को गोवा का, गोवा के लिए और गोवा के लोगों द्वारा खड़ा किया हुआ न्यूज़ पोर्टल बताता है. हैन्डल ने बताया -“अमोना ब्रिज पर किया गया स्टन्ट वायरल हो रहा है. ये लठियों से कही ज़्यादा असरकारक है.”

‘जियो न्यूज़’ ने 29 मार्च को एक वीडियो ट्वीट किया जिसमें रोड पर बाइक सवार लोगों को एक व्यक्ति डराते हुए दिखाई दे रहा हैं. दावा है कि लॉकडाउन के दौरान लोगों को घर में रखने के लिए ऐसा अनोखा तरीका अपनाया गया है. दावा है कि ये गोवा की घटना है. बाद में उन्होंने अपना ट्वीट डिलीट कर दिया और 30 मार्च को इस बारे में सफ़ाई देते हुए एक ट्वीट शेयर किया था.

फ़ैक्ट-चेक

ऑल्ट न्यूज़ ने इनविड (InVid) के ज़रिए वीडियो को कई फ़्रेम्स में तोड़ा. गूगल रिवर्स इमेज सर्च करने से मालूम हुआ कि ये तकरीबन एक साल पुराना वीडियो है. इस वीडियो को इंडोनेशिया के एक फ़ेसबुक पेज पर 14 मई 2019 को पोस्ट किया हुआ पाया.

Prank Pocong… Sampek manjat jembatan hahaa

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Posted by Berita Viral & Komedi Terkini on Monday, 13 May 2019

13 मई 2019 को इंडोनेशिया की न्यूज़ वेबसाइट ‘viva’ ने इस वीडियो पर एक आर्टिकल भी पब्लिश किया था. रिपोर्ट के मुताबिक, इस व्यक्ति ने लाश के जैसे एक कपड़ा लपेट कर इंडोनेशियन भूत “पोकोंग” के जैसे दिखने की कोशिश की थी. वो रोड की साइड में बैठकर बाइक का इंतजार कर रहा था जबकि उसका दूसरा साथी ये सब रिकॉर्ड कर रहा था. आर्टिकल में पेरोड़ीवायरल की इंस्टाग्राम पोस्ट के बारे में भी बताया गया है. हालांकि अब ये पोस्ट इंस्टाग्राम पर मौजूद नहीं है.

ऑल्ट न्यूज ने 11 मई 2019 को ये वीडियो यूट्यूब पर अपलोड किया हुआ पाया. इस वीडियो को यूट्यूब ब्लॉगर ‘Sutan Sikumbang’ ने अपलोड किया था. चैनल के अबाउट सेक्शन में लिखा हुआ है कि “video chat prank” यानी कि ये मज़ाकिया वीडियो बनाता है. वीडियो के चैट सेक्शन में ‘Sutan’ ने कई बार लोगों के कमेंट्स पर रिप्लाई किया हैं जिससे ये बाद साफ़ हो जाती है कि ये इंडोनेशिया का वीडियो है.

उन्होंने लिखा -“इसे सुनने की कोशिश करें. ये हमारी विशेष Minang भाषा का यूज़ कर रहे है, उनकी लोकेशन पदांग परियमन जिले के के गांव की है जिसका नाम सीनर (Sunar) है.”

हालांकि ऑल्ट न्यूज़ वीडियो के मकसद और जगह के बारे में स्वतंत्र रूप से पता नहीं लगा पाया है लेकिन ये बात साफ़ है कि ये वीडियो इंडोनेशिया की एक साल पुरानी घटना को दिखाता है. इस वीडियो का कोरोना वायरस या लॉकडाउन से कोई लेना-देना नहीं है.

इंडिया टुडे, ANI की एडिटर ने भी किया वीडियो शेयर

29 मई को ‘इंडिया टुडे’ के ऑफ़िशियल ट्विटर हैन्डल ने ये वीडियो ट्वीट करते हुए दावा किया कि गोवा में लोगों को घर के अंदर रखने के लिए ये अनोखा तरीका अपनाया गया है. इसे शेयर करने के 24 घंटों में ही चेनल ने ये साफ़ किया कि ये वीडियो इंडोनेशिया में 2019 में किये गए एक मज़ाक का वीडियो है. जहा चेनल की ट्वीट को 288 बार रीट्वीट किया गया था वह उसके स्पष्टीकरण ट्वीट को सिर्फ़ 10 बार ही रीट्वीट किया गया. ये वीडियो ‘आज तक’ और ‘इंडिया टुडे’ के राहुल कंवल ने भी शेयर किया था.

न्यूज़ एजेंसी ‘ANI’ की एडिटर स्मिता प्रकाश ने ये वीडियो ‘इंडिया टुडे’ से 3 घंटे पहले ही पोस्ट किया था. उन्होंने बाद में ट्वीट कर सफ़ाई दी कि ये वीडियो गोवा का नहीं है और ना ही कोविड 19 से जुड़ा हुआ. प्रकाश की ट्वीट को 2,600 रीट्वीट मिले जबकि उनके स्पष्टीकरण ट्वीट को सिर्फ़ 6 बार रीट्वीट किया गया है.

इस तरह 10 महीने पुराने मज़ाक करने के मकसद से बनाए गए वीडियो को सोशल मीडिया में लॉकडाउन के दौरान लोगों को घर में रखने के लिए अपनाए गए एक अनोखे तरीके का बताकर शेयर किया जा रहा है.

ग़लत
दावा:
गोवा में लोगों को लॉकडाउन के दौरान घर में बंद करने के लिए अपनाया गया अनोखा तरीका

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