तेलंगाना के भैंसा शहर में 7 मार्च को दो समुदायों के बीच झड़प हो गयी. द न्यूज़ मिनट के मुताबिक, “पुलिस ने बताया कि ये हिंसा एक मोटरसाइकिल दुर्घटना से शुरू हुई. दो लोगों के बीच ये लड़ाई देखते ही देखते दो समुदायों की हो गयी और पूरे शहर में फैल गयी.” उपद्रवियों ने घरों-दुकानों और गाड़ियों में आग लगायी, पत्थरबाज़ी और तोड़-फोड़ की. पुलिस ने 12 मार्च को हिंसा भड़काने के आरोप में साईं तेजा नाम के एक शख्स को गिरफ्तार किया था.

इसी के बाद सोशल मीडिया पर कई तस्वीरें #SaveHindusOfBhainsa के साथ शेयर की गयीं और इन्हें भैंसा का बताया गया.

पहली और दूसरी तस्वीर

ट्विटर यूज़र @shashikant2907 ने नीचे लगी तस्वीरें शेयर करते हुए लिखा, “तेलंगाना के भैंसा शहर में हिन्दू समुदाय पर सुनियोजित हमला करते हुए मुस्लिम समुदाय की भीड़ ने बड़े स्तर पर हिंसा की और उन्हें लूटा और उनके घर जला दिए. मुस्लिम समुदाय की भीड़ ने मौके पर पहुंची पुलिस पर भी पत्थरबाज़ी की.” दूसरी तस्वीर ट्विटर हैंडल @AngrySaffron ने भी शेयर की. इसे भाजपा समर्थक शेफ़ाली वैद्य ने कोट-ट्वीट किया.

फ़ैक्ट-चेक 1

ये तस्वीर 2020 में दिल्ली में हुए साम्प्रदायिक दंगे की है. इसका क्रेडिट पीटीआई को दिया गया है. इंडिया टुडे ने 5 फ़रवरी, 2020 को दिल्ली हिंसा की रिपोर्ट में ये तस्वीर पब्लिश की थी. कुछ अन्य मीडिया आउटलेट्स ने भी ये तस्वीर पब्लिश की है.

फ़ैक्ट-चेक 2

दूसरी तस्वीर भी 2020 में हुए दिल्ली दंगों की है. ये तस्वीर साजिद हुसैन ने 26 फ़रवरी को खींची थी और ये गेटी इमेजेज़ पर भी देखी जा सकती है.

तीसरी तस्वीर

इस तस्वीर में एक जली हुई वैन दिख रही है. बाकि तस्वीरों की तरह इसे भी यूज़र @shashikant2907 ने शेयर करते हुए लिखा, “तेलंगाना के भैंसा में जिहादियों ने हिन्दुओं के घरों पर हमला किया. हिन्दुओं के 18 घर जलाये और लुटे गए.” पहली और तीसरी तस्वीर ट्विटर यूज़र @Malathi___ ने भी शेयर की.

फ़ैक्ट-चेक 3

ये तस्वीर भैंसा में पिछले साल हुए साम्प्रदायिक दंगों की है. इसे द न्यूज़ मिनट ने जनवरी 2020 में पब्लिश किया था.

चौथी तस्वीर

ट्विटर यूज़र @ShuchiRecites ने दो तस्वीरें शेयर करते हुए लिखा, “उनके साथ खड़े हों जो असहाय छोड़ दिए गए हैं. दयनीय #SaveHindusOfBhainsa.” एक तस्वीर में जलती हुई गाड़ी दिख रही है दूसरे में जले हुए दुपहिया वाहन.

फ़ैक्ट-चेक 4

ऑल्ट न्यूज़ यूज़र @ShuchiRecites द्वारा शेयर की गयी पहली तस्वीर का सन्दर्भ मालूम करने में असमर्थ था. लेकिन दूसरी तस्वीर भैंसा में 2020 में हुई साम्प्रदायिक हिंसा की है. इसे द न्यू इंडियन एक्सप्रेस ने जनवरी 2020 में पब्लिश किया था.

पांचवी तस्वीर

ट्विटर यूज़र @PiyushTweets1 ने एक साथ चार तस्वीरें शेयर की जिनमें से उपर फ़ैक्ट-चेक की गई तीसरी तस्वीर और यूज़र @ShuchiRecites द्वारा शेयर की गयी तस्वीरें हैं. पियूष ने लिखा, “19 हिन्दुओं के घर जला दिए गए और कोई इसकी बात नहीं कर रहा. क्यों? क्योंकि न ही हम शांतिपूर्ण हैं और न ही कानून को हाथ में लेकर दंगे भड़काते हैं, भाजपा की #BhainsaRiots पर चुप्पी देखकर चकित हूं. शायद पश्चिम बंगाल चुनाव तेलंगाना के हिन्दुओं की ज़िंदगी से बढ़कर है.” आर्टिकल लिखे जाने तक इस ट्वीट को 800 से भी ज़्यादा बार रीट्वीट किया गया. पांचवी तस्वीर (नीचे से बाएं) यूज़र @gopugoswami ने भी शेयर की.

फ़ैक्ट-चेक 5

तीसरी और चौथी तस्वीर की ही तरह ये तस्वीर भी 2020 में भैंसा में हुई साम्प्रदायिक हिंसा की है. इसे एस हरपाल सिंह ने जनवरी 2020 में खींची थी और द हिन्दू ने पब्लिश की थी.

तेलंगाना के भैंसा में हाल में हुई हिंसा से जोड़कर पुरानी तस्वीरें शेयर की जा रही हैं. ये तस्वीरें 2020 में हुए दिल्ली दंगे और 2020 में ही भैंसा में हुई साम्प्रदायिक हिंसा की हैं.


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About the Author

Archit is a graduate in English Literature from The MS University of Baroda. He also holds a post-graduation diploma in journalism from the Asian College of Journalism. Since then he has worked at Essel Group's English news channel at WION as a trainee journalist, at S3IDF as a fundraising & communications officer and at The Hindu as a reporter. At Alt News, he works as a fact-checking journalist.