एक सिख व्यक्ति का वीडियो जिसमें वो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की आलोचना कर रहा है, सोशल मीडिया पर काफ़ी वायरल हो रहा है. ये शख्स किसान आंदोलनों में शामिल सिखों को ‘खालिस्तानी’ बुलाये जाने की निंदा कर रहा है.

नवभारत टाइम्स (आर्काइव लिंक) ने रिपोर्ट किया कि वायरल वीडियो में दिख रहा शख्स पंजाबी सिंगर और ऐक्टर गोल्डी मनेपुरिया है जो सैनिक बनने का नाटक कर रहा है.

वीडियो में शुरू के 30 सेकंड में उसे कहते हुए सुना जा सकता है, “प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी, मैं आपसे एक बात करना चाहता हूं. ये जो यूनिफ़ॅार्म मैंने पहनी है, कुछ दिन पहले चाइना के बॉर्डर पर खड़ा था तो मैं बहुत बड़ा देशभक्त था. इस यूनिफ़ॅार्म को उतार के जब मैं दिल्ली बॉर्डर पर खड़ा हो गया तो मैं बहुत बड़ा देशद्रोही हो गया, आतंकवादी हो गया, खालिस्तानी हो गया. इस नाम से नवाज़ा है आपके गोदी मीडिया ने मुझको. मैं आपको एक सलाह देना चाहता हूं. किसी भी सिख रेजिमेंट, जाट रेजिमेंट, पंजाब रेजिमेंट के सीईओ से फ़ोन पे बात करके देखना और उनसे पूछना, जबसे ये प्रोटेस्ट चल रहा है, किसान आन्दोलन चल रहा है, जवानों के स्वभाव में क्या-क्या चेंजेज़ आये हैं. आपको बताएंगे वो. किसी जवान के घर में प्रॉब्लम होती है तो उसके ड्यूटी करने का दिल नहीं करता अपने तो आग लगा दी है उसके घरों में, क्या ड्यूटी करेंगे वो?…” ये वीडियो @India_Resists ने शेयर किया था जिसे बॉलीवुड ऐक्टर स्वरा भास्कर ने कोट-ट्वीट किया था. (आर्काइव लिंक 1, आर्काइव लिंक 2)

कई फे़सबुक और ट्विटर यूज़र्स ने नवभारत टाइम्स की रिपोर्ट का स्क्रीनशॉट शेयर करते हुए यही दावा किया कि वीडियो में दिख रहा शख्स असल में सैनिक नहीं है.

ट्विटर यूज़र @BefittingFacts ने मनेपुरिया का वीडियो 3 जनवरी को ट्वीट किया था. इसे 2,000 से ज़्यादा बार रीट्वीट किया गया है. ये अकाउंट अक्सर फ़र्ज़ी दावे करता रहा है. (आर्काइव लिंक)

ऑप-इंडिया ने ट्वीट किया, “वायरल वीडियो में पीएम मोदी से ‘सवाल’ करने वाला ‘जवान’ असल में ‘जवान’ नहीं भी हो सकता है. जानें, हमें क्या मालूम चला”

फे़सबुक यूज़र गौरव प्रधान ने भी ये दावा शेयर किया जिसे अबतक 400 से ज़्यादा लोग शेयर कर चुके हैं. (आर्काइव लिंक)

फर्जी आन्दोलन के फर्जी किरदार ……..

किसान आन्दोलन में वायरल हुआ वीडियो सोशल मीडिया में एक वीडियो वायरल हुआ है जिसमे…

Posted by Pradhan Gaurav on Monday, 4 January 2021

मनेपुरिया पूर्व आर्मी ऑफ़िसर हैं

ये वायरल वीडियो गोल्डी मनेपुरिया ने 28 दिसम्बर को अपने इन्स्टाग्राम प्रोफ़ाइल पर शेयर किया था.

ऑल्ट न्यूज़ ने गोल्डी मनेपुरिया से संपर्क किया और उन्होंने हमें बताया, “मेरा आधिकारिक नाम मनजिंदर सिंह है. गोल्डी मनेपुरिया मेरा निकनेम है. नवभारत टाइम्स में छपी दोनों तस्वीरें मेरी ही हैं.”

दूसरी तस्वीर यूट्यूब पर उनके एक गाने, ‘नीट पेग’ की थंबनेल है. इसे अगस्त 2020 में अपलोड किया गया था और इसपर 200 से भी कम व्यूज हैं. उन्होंने कहा, “मैं कोई फ़ुल टाइम सिंगर नहीं हूं. ये बस मेरा पैशन प्रोजेक्ट है.”

उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया का दावा बिलकुल ग़लत है. उन्होंने हमें बताया, “मैं 2002 से 2018 तक भारतीय सेना के 175 रेजिमेंट (मीडियम) में रहा हूं जो कि भारतीय सेना की आर्टिलरी यूनिट है और इस दौरान मैं कई बॉर्डर पोस्ट्स पर भी तैनात रहा हूं.” मनेपुरिया ने हमें अपनी आईडी भी दिखायी जिससे साबित होता है कि वो भारतीय सेना के जवान रहे हैं.

इस विवाद के बाद उन्होंने अपनी कई तस्वीरें शेयर की हैं जो भारतीय सेना में उनकी मौजूदगी दिखाते हैं. उन्हीं में से एक नीचे है.

द ट्रिब्यून ने 4 जनवरी को मनजिंदर सिंह उर्फ़ गोल्डी मनेपुरिया पर एक स्टोरी की थी जब वो किसान आन्दोलन में डीज़ल के खर्चे में भागीदारी के लिए आगे आये थे. द ट्रिब्यून ने भी उन्हें “पूर्व सैनिक, गोल्डी मनेपुरिया” के तौर पर संबोधित किया था.

द लॉजिकल इंडियन ने भी इसका फ़ैक्ट चेक किया था.

पाठक गौर करें कि वायरल वीडियो में मनजिंदर कहते हैं, “ये जो यूनिफ़ॅार्म मैंने पहनी है, कुछ दिन पहले चाइना के बॉर्डर पर खड़ा था तो मैं बहुत बड़ा देशभक्त था.” हालांकि वो वर्तमान में भारतीय सेना ने कार्यरत नहीं हैं. जैसा कि पहले बताया गया है, वो 2002 से लेकर 2018 तक सेना में थे.

जब मनजिंदर ने प्रधानमंत्री मोदी की आलोचना करते हुए इन्स्टाग्राम पर वीडियो पोस्ट किया तो कई यूज़र्स ने ग़लत दावा कि वो भारतीय सेना का हिस्सा नहीं हैं. नवभारत टाइम्स ने अपने आर्टिकल में ये बात लिखकर इस दावे को ख़ूब हवा दी कि मनजिंदर सिंह आर्मी से जुड़े होने का नाटक कर रहे हैं.

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About the Author

Archit is a graduate in English Literature from The MS University of Baroda. He also holds a post-graduation diploma in journalism from the Asian College of Journalism. Since then he has worked at Essel Group's English news channel at WION as a trainee journalist, at S3IDF as a fundraising & communications officer and at The Hindu as a reporter. At Alt News, he works as a fact-checking journalist.