13 अप्रैल को करछना थाना क्षेत्र के इसौटा गांव के रहने वाले अनुसूचित जाति के देवीशंकर की हत्या के बाद और कौशांबी में पाल समाज की 8 साल की लड़की के साथ रेप के विरोध में भीम आर्मी चीफ चंद्रशेखर आजाद, दोनों पीड़ित परिवार से 29 जून, रविवार को मिलने जाने वाले थे, लेकिन पुलिस ने कानून-व्यवस्था का हवाला देकर उन्हें प्रयागराज सर्किट हाउस में नजरबंद कर लिया. इसके विरोध में भीम आर्मी समर्थक प्रदर्शन करने लगे जो देखते ही देखते कई अफ़वाहों के चलते कथित रूप से एक हिंसक प्रदर्शन में तब्दील हो गया. पुलिस प्रशासन ने इस हिंसक घटना के सिलसिले में एक्शन लेते हुए अब तक 85 लोगों को गिरफ़्तार किया है.

इसी संदर्भ में सोशल मीडिया पर 2 वीडियोज़ वायरल हैं. इनमें पुलिसकर्मी कुछ ज़ख़्मी युवकों को कहीं ले जाती नज़र आ रही हैं. पहले वीडियो में युवकों के हाथ और सिर पर पट्टियां बंधी हैं और वो सभी ठीक से चल भी नहीं पा रहे हैं, यूजर्स इस वीडियो को शेयर कर दावा कर रहे हैं कि यूपी पुलिस ने दंगा करने वाले चंद्र शेखर आजाद के समर्थकों की पिटाई कर ये हाल किया है. दूसरे वीडियो कुछ युवकों के सिर मुंडवाए हुए दिख रहे हैं.

पहला वीडियो

कई मौकों पर गलत जानकारी फैलाते पाए गए X-यूज़र मेघ अपडेट्स ने वीडियो शेयर कर लिखा, “प्रयागराज में दंगा करने वाले चंद्रशेखर रावण के समर्थकों को योगी की यूपी पुलिस से वह सलूक मिल रहा है जिसके वे हकदार हैं”

X-यूज़र नवीन कुमार जिंदल, भीकू म्हात्रे, अपूर्वा सिंहओम प्रकाश पांडेयविनी, राजेश सिंह और X-हैंडल @TheBahubali_IND, @FrontalForce, @Incognito_qfs ने भी वीडियो शेयर कर ऐसा ही दावा किया.

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फैक्ट-चेक

ऑल्ट न्यूज़ ने वायरल वीडियो के फ्रेम्स को रिवर्स इमेज सर्च किया. हमें ये वीडियो खबर पदमपुर एवं ग्रामीण नामक फेसबुक पेज पर 5 जून 2025 को पोस्ट मिला. वीडियो के साथ जानकारी दी गई कि श्री गंगानगर में रंगदारी गैंग पकड़ी गई, गैंगस्टरों के नाम पर व्यापारी से मांगी जा रही थी 5 लाख की रंगदारी, पुलिस ने लग्जरी फॉर्च्यूनर गाड़ी में आए 4 बदमाशों को रंगे हाथों गिरफ्तार किया. व्यापारी का मुनीम और उसका भतीजा भी साजिश में शामिल निकले.

NAYAK YODHA नामक फेसबुक यूजर ने भी इस वीडियो को श्रीगंगानगर का बताते हुए 6 जून को पोस्ट किया था.

 

श्रीगंगानगर में रंगदारी गैंग पकड़ी गई, 4 बदमाश रंगे हाथों गिरफ्तार!
➡️ गैंगस्टरों के नाम पर व्यापारी से मांगी जा रही थी 5 लाख की रंगदारी
➡️ पुलिस ने लग्जरी फॉर्च्यूनर गाड़ी में आए बदमाशों को किया गिरफ्तार
➡️ व्यापारी का मुनीम और उसका भतीजा भी निकले साजिश में शामिल
➡️ पुलिस ने रकम बरामद की, अन्य आरोपियों की तलाश जारी
➡️ डीआईजी गौरव यादव के निर्देश में बड़ी कार्रवाई
➡️ श्रीगंगानगर पुलिस की बड़ी कामयाबी – शहर में अपराधियों में हड़कंप!
#highlightseveryonefollowers2025 #hilights #CrimeNews

Posted by खबर पदमपुर एवं ग्रामीण on Thursday 5 June 2025

इसके अलावा हमें गंगानगर पुलिस का 5 जून को किया एक X पोस्ट मिला जिसमें इस मामले से जुड़ी अखबार की एक कटिंग शेयर की गई है. अखबार क्लिप में वीडियो में दिख रहे चारों आरोपी मौजूद थे रिपोर्ट में बताया गया कि श्रीगंगानगर के एक प्रतिष्ठित व्यापारी को गैंगस्टरों के नाम पर जान से मारने की धमकी देकर रंगदारी मांगने वाले चार खतरनाक बदमाशों को पुलिस ने एक सुनियोजित योजना के तहत रंगे हाथों गिरफ्तार किया. आरोपियों से पांच लाख रुपये की फिरौती की रकम भी बरामद की गई है, पकड़े गए बदमाशों में एक व्यापारी का कारिंदा (कर्मचारी) और उसका सगा भतीजा भी शामिल है जो विदेश में बैठे गैंगस्टरों का डर दिखाकर फिरौती दिलवा रहे थे.

न्यूज 18 राजस्थान ने भी एक खबर की थी. यानी, सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो प्रयागराज हिंसा या हिंसा में शामिल आरोपियों के नहीं है बल्कि जून महीने में राजस्थान के श्रीगंगानगर में रंगदारी के आरोप में पकड़े गए आरोपियों के हैं. 

दूसरा वीडियो

प्रयागराज हिंसा के मामले से जोड़ते हुए एक और वीडियो वायरल है जिसमें पुलिस सड़क पर कुछ युवकों की परेड निकाल रही है. वीडियो में दिख रहे कथित आरोपियों के सिर मुंडवा दिए गए हैं.

X-यूज़र ओसियन जैन ने वीडियो शेयर करते हुए लिखा कि “प्रयागराज के हुड़दंगियों का बाबा की पुलिस ने क्या हाल कर दिया है, अब सबका इंजन सेट है”.

ऑल्ट न्यूज़ ने इस यूज़र द्वारा पहले भी फैलाए गए गलत और सांप्रदायिक झूठों से पर्दा उठाया है.

X-यूज़र दीपक शर्मा, सुनंदा रॉय, मेघ अपडेट्स और X-हैंडल @FrontalForce समेत कई X-यूजर्स भी वीडियो को प्रयागराज हिंसा से जोड़ते हुए शेयर कर ऐसा ही दावा कर रहें हैं.

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फैक्ट-चेक

ऑल्ट न्यूज़ ने गौर किया कि वायरल वीडियो में “@VIRENDRASINGH6513” नामक यूज़रनेम का नाम लिखा हुआ दिख रहा है. इसके बाद यूज़रनेम को सर्च करने पर हमें “वीरेन्द्र सिंह” नाम का इंस्टाग्राम प्रोफाइल मिला जहां हमें मूल वीडियो 2 जून को पोस्ट किया हुआ मिला. पोस्ट के साथ दी गई जानकारी के मुताबिक, राजस्थान के बारां ज़िले में पेट्रोल पंप लूटने की योजना बनाते हुए 12 अपराधियों को गिरफ्तार कर बारां पुलिस ने बारात निकाली.

 

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उस घटना पर एनडीटीवी राजस्थान ने भी एक रिपोर्ट पब्लिश कर बताया कि राजस्थान के बारां पुलिस ने दो अलग-अलग थाना क्षेत्रों में पेट्रोल पंप लूट की योजना बना रहे 12 आरोपियों को गिरफ्तार कर उन्हें सबक सिखाने के लिए आरोपियों के सिर मुंडवाए और भीड़ भरे बाज़ार में घुमाया.

साथ ही बारां पुलिस के आधिकारिक हैंडल पर दो ट्विट्स मिलें जिनमें पकड़े गए आरोपियों के साथ जब्त किए हथियारों का उल्लेख है.

इसके आलावा पुलिस कमिश्नरेट प्रयागराज के आधिकारिक X-हैंडल ने भी यूज़र्स के पोस्ट पर वायरल दावे का खंडन कर इसे भ्रामक बताते हुए वीडियो को बारां का बताया.

यानी, दूसरा वायरल वीडियो भी प्रयागराज हिंसा से संबंधित नहीं है, बल्कि जून में राजस्थान के बारां पुलिस ने दो अलग-अलग थाना क्षेत्रों में पेट्रोल पंप लूट की योजना बना रहे 12 आरोपियों को सबक सिखाने के लिए उनके सिर मुंडवाकर घुमाने की घटना का है.

ग़लत
दावा:
प्रयागराज में दंगा करने वाले चंद्रशेखर रावण के समर्थकों को योगी की यूपी पुलिस से वह सलूक मिल रहा है जिसके वे हकदार हैं

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