सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हो रहा है जिसमें कुछ पुलिसकर्मी सड़क किनारे दौड़कर एक युवक को पकड़ते नज़र आ रहे हैं. युवक नीचे गिर जाता है फिर पुलिस उसे डंडे से मारती है. सोशल मीडिया यूज़र्स इस वीडियो को त्रिपुरा पुलिस की कार्रवाई का बताकर शेयर कर रहे हैं. साथ ही दावा कर रहे हैं कि त्रिपुरा में BSF जवानों पर हमला के कुछ समय बाद कार्रवाई का यह वीडियो है.

दरअसल, रिपोर्ट के मुताबिक 2 नवंबर 2026 को त्रिपुरा के सेपाहिजाला ज़िले में तस्करी से जुड़े एक मामले के दौरान BSF जवानों और ग्रामीणों के बीच झड़प की एक घटना हुई. रिपोर्ट के अनुसार, एक BSF जवान द्वारा फजुर रहमान नाम के एक स्थानीय व्यक्ति पर हमला के करने के बाद गुस्साए ग्रामीणों ने बॉक्सनगर-रहीमपुर रोड को जाम कर दिया. इसी दौरान असिस्टेंट कमांडेंट रोहित कुमार और अन्य BSF जवानों की टीम मौके पर पहुंची. भीड़ और जवानों के बीच झड़प की घटना में कुछ जवानों के घायल होने के भी ख़बर थी. त्रिपुरा पुलिस ने जल्द ही जांच शुरू कर कार्रवाई करते हुए BSF पर हमले के सिलसिले में नौ लोगों को गिरफ्तार किया.

इसी संदर्भ में पीएम मोदी समर्थक एक्स-यूज़र जनार्दन मिश्रा ने वीडियो शेयर करते हुए लिखा, “कल त्रिपुरा में कुछ जिहादियों ने BSF जवानों पर हमला किया, त्रिपुरा पुलिस ने 24 घंटे के अंदर उनका इलाज शुरू कर दिया.”

बता दे, ऑल्ट न्यूज़ ने एक्स-यूज़र जनार्दन मिश्रा को पहले भी कई मौकों पर गलत और भ्रामक जानकारी फैलाते हुए पाया है.

एक्स-हैंडल @HiNdU05019434 और @Akhand_Bharat_S समेत कई एक्स-हैंडल ने ऐसी ही दावे के साथ यह वीडियो शेयर किया.

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फैक्ट-चेक

ऑल्ट न्यूज़ ने वायरल वीडियो को ध्यानपूर्वक देखने से पाया कि इसमें बांग्लादेश के ढाका स्थित ‘Bd Live .com24’ नामक न्यूज़ का लोगो और वाटरमार्क बना हुआ है.

इस आधार पर ढूंढने से हमें पूरा वीडियो बांग्लादेश के न्यूज़ संस्था ‘Bd Live .com24‘ के फ़ेसबुक पेज पर 1 नवंबर 2026 को अपलोड किया हुआ मिला. इसके कैप्शन में लिखा है, “एक पुलिस अधिकारी गारमेंट कर्मचारी को पकड़ने के लिए दौड़ते समय गिर गया था.” इससे स्पष्ट है कि वायरल वीडियो त्रिपुरा का नहीं, बल्कि बांग्लादेश का है.

रॉयटर्स और ढाका ट्रिब्यून के रिपोर्ट अनुसार, बांग्लादेश के अलग-अलग इलाकों में गारमेंट कर्मचारी 30,000 की महीने की न्यूनतम मज़दूरी की मांग को लेकर प्रदर्शन कर रहे हैं. 1 नवंबर को भी राजधानी के बाहर ढाका, मीरपुर और गाज़ीपुर इलाके में कर्मचारी प्रदर्शन कर रहे थे, जिस दौरान पुलिस और प्रदर्शन कर रहे कर्मचारियों के बीच झड़प हुई थी.

कुल मिलाकर, वायरल वीडियो बांग्लादेश के गारमेंट कर्मचारी न्यूनतम मज़दूरी की मांग को लेकर प्रदर्शन कर रहे थे. इस दौरान पुलिस और कर्मचारी के बीच हुई झड़प के वीडियो को भारत के त्रिपुरा का बताकर शेयर किया जा रहा है. त्रिपुरा में BSF जवानों और ग्रामीणों के बीच झड़प की घटना ज़रूर हुई थी और पुलिस ने कार्रवाई करते हुए कुछ लोगों को गिरफ़्तार भी किया है, लेकिन वायरल वीडियो का उस घटना से कोई संबंध नहीं है.

ग़लत
दावा:
त्रिपुरा में BSF जवानों पर हमला करने वाले जिहादियों का इलाज शुरू हो चुका

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